निर्वाचन आयुक्तों की नियुक्ति के लिए प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली समिति की बैठक 14 मार्च को
अमित माधव
- 11 Mar 2024, 09:40 PM
- Updated: 09:40 PM
नयी दिल्ली, 11 मार्च (भाषा) निर्वाचन आयोग के दो नये निर्वाचन आयुक्तों के चयन के लिए प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली उच्चाधिकार प्राप्त समिति की बैठक अब 14 मार्च को होगी। शीर्ष सूत्रों ने यह जानकारी दी।
सूत्रों ने बताया कि कानून मंत्रालय ने 14 मार्च को दोपहर 12 बजे होने वाली बैठक के लिए समिति के सभी सदस्यों को एक संशोधित पत्र भेजा है। यह बैठक पहले 15 मार्च को शाम 6 बजे होनी थी।
निर्वाचन आयुक्त अनूप चंद्र पांडेय की पिछले महीने सेवानिवृत्ति और अरुण गोयल के शुक्रवार को अचानक इस्तीफे से निर्वाचन आयुक्तों के दो पद रिक्त हो गए हैं।
प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली चयन समिति में एक केंद्रीय मंत्री और लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी शामिल हैं।
निर्वाचन आयुक्तों की नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा की जायेगी।
सूत्रों ने बताया कि दो नये निर्वाचन आयुक्तों की नियुक्ति उसी दिन या अगले दिन तक किये जाने की संभावना है। उन्होंने कहा कि एक निर्वाचन आयुक्त के चयन के लिए बैठक का नोटिस पहले शनिवार दोपहर को भेजा गया था जबकि गोयल के इस्तीफे की अधिसूचना शाम को जारी की गई। दो निर्वाचन आयुक्तों के चयन के लिए संशोधित नोटिस कानून मंत्रालय द्वारा सोमवार शाम को भेजा गया।
सूत्रों ने कहा कि 14 मार्च संबंधी नोटिस में समिति की स्थगित बैठक का जिक्र है जो पांडेय की सेवानिवृत्ति के कारण बनी रिक्ति को भरने के लिए 7 मार्च को होनी थी। नये नोटिस में गोयल के इस्तीफे से बनी रिक्ति को भरने का उल्लेख किया गया है।
निर्वाचन आयोग द्वारा लोकसभा चुनाव के कार्यक्रम की संभावित घोषणा से कुछ दिन पहले ही गोयल ने शुक्रवार को निर्वाचन आयुक्त के पद से इस्तीफा दे दिया था। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शनिवार को उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया और कानून मंत्रालय ने एक अधिसूचना जारी करके इसकी घोषणा की।
इससे मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार निर्वाचन आयोग में एकमात्र सदस्य रह गये हैं।
इससे पहले अशोक लवासा ने अगस्त 2020 में निर्वाचन आयुक्त के पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने निर्वाचन आयोग द्वारा पिछले लोकसभा चुनावों में आचार संहिता उल्लंघन संबंधी निर्णयों पर असहमति जताई थी।
कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल के नेतृत्व में एक खोज समिति दोनों पदों के लिए पहले पांच-पांच नामों के दो अलग-अलग पैनल तैयार करेगी। इस समिति में गृह सचिव और कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) के सचिव शामिल होंगे।
बाद में, प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली एक चयन समिति चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्ति के लिए दो व्यक्तियों का नाम तय करेगी।
भाषा अमित