भाकपा (माले) लिबरेशन ने झारखंड में आइसा अध्यक्ष नेहा बोरा पर स्याही फेंके जाने की निंदा की
दिलीप
- 07 Aug 2026, 06:41 PM
- Updated: 06:41 PM
नयी दिल्ली, सात अगस्त (भाषा) भाकपा (माले) लिबरेशन और दो छात्र संगठनों समेत कई संगठनों ने झारखंड विधानसभा की ओर निकाले गए विरोध मार्च के दौरान ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) की अध्यक्ष नेहा बोरा पर स्याही फेंके जाने की शुक्रवार को निंदा की।
यह विरोध मार्च राज्य की भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ निकाला गया था।
भाकपा (माले) लिबरेशन के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने कहा कि आरएसएस-भाजपा के 'गुंडों' ने बोरा पर स्याही फेंकी।
उन्होंने कहा, ''आज रांची में आरएसएस-भाजपा के 'गुंडों' ने नेहा और अन्य महिला प्रदर्शनकारियों पर स्याही फेंकी। क्या यही संघ ब्रिगेड की मनुस्मृति वाली आचार संहिता है?''
छात्र नेताओं के अनुसार, यह घटना बिरसा चौक के पास उस समय हुई, जब आइसा और ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (एआईएसएफ) के नेतृत्व में प्रदर्शनकारी विधानसभा की ओर मार्च कर रहे थे।
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि स्याही फेंकने के आरोपी व्यक्ति को हिरासत में ले लिया गया है।
मीडिया से बातचीत में उस व्यक्ति ने कहा, ''नेहा बोरा, उमर खालिद की समर्थक हैं। मुझे वह पसंद नहीं हैं। वह राष्ट्रविरोधी हैं।''
घटना के संबंध में उन्होंने अपने सोशल मीडिया मंच पर लिखा, ''झारखंड के रांची में आरएसएस-भाजपा के 'गुंडों' ने मुझ पर और लगभग 20 अन्य महिला प्रदर्शनकारियों पर स्याही फेंकी! उनके लिए स्याही दूसरों को शर्मिंदा करने का एक हथियार है; हम इसी स्याही से भविष्य लिखेंगे।''
आइसा ने एक बयान में इस घटना की निंदा की और आरोप लगाया कि भाजपा और आरएसएस से जुड़े लोग बृहस्पतिवार से ही बोरा के प्रदर्शन में शामिल होने को लेकर उनके खिलाफ ''दुष्प्रचार और घृणास्पद अभियान'' चला रहे थे।
संगठन ने कहा, ''यह व्यवहार केवल यह दिखाता है कि लोगों की आवाज उठाने से कौन डरता है।''
आइसा ने कहा कि प्रदर्शनकारी झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीसीसी) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) द्वारा आयोजित भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे और उन्होंने राज्य सरकार से जवाबदेही की मांग की।
संगठन ने इस घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
इसने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से छात्रों की चिंताओं पर ध्यान देने और परीक्षा में कथित अनियमितताओं से जुड़े मुद्दों का समाधान करने का आग्रह किया।
भाषा
देवेंद्र दिलीप
दिलीप
0708 1841 दिल्ली