क्या कांग्रेस नेतृत्व में पंजाब में बागियों के खिलाफ कार्रवाई करने का साहस है : भाजपा
दिलीप
- 04 Jul 2026, 07:15 PM
- Updated: 07:15 PM
चंडीगढ़, चार जुलाई (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की पंजाब इकाई ने शनिवार को कांग्रेस नेतृत्व को उन नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करने की चुनौती दी, जिन्होंने अमरिंदर सिंह राजा वडिंग को पार्टी का प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने के बाद 'खुलेआम बगावत' की है।
शुक्रवार को प्रदेश कांग्रेस में गुटबाजी तब सामने आई, जब कई मौजूदा और पूर्व विधायकों ने पार्टी की पंजाब इकाई के प्रमुख के पद के लिए पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के नाम पर पुनर्विचार किये जाने का समर्थन किया।
वे पंजाब के रूपनगर जिले में चन्नी के घर पर उनके समर्थन में शक्ति प्रदर्शन के लिए इकट्ठा हुए। बुधवार को वडिंग को प्रदेश अध्यक्ष पद पर बनाए रखने की घोषणा की गई तथा 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी की विभिन्न समितियों का भी एलान किया गया।
शनिवार को प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता प्रीतपाल सिंह बलियावाल ने इन घटनाक्रमों को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा।
बलियावाल ने 'एक्स' पर पोस्ट किया, ''राहुल जी, गद्दार या देशभक्त? आप उन नेताओं को क्या कहेंगे, जो खुलेआम आलाकमान के फैसले को चुनौती देते हैं?''
उन्होंने पूछा, "क्या कांग्रेस नेतृत्व में पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष की नियुक्ति के खिलाफ सार्वजनिक रूप से विद्रोह करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने का साहस होगा?"
भाजपा प्रवक्ता ने कहा, "या फिर अनुशासन सिर्फ कुछ लोगों पर लागू होता है, जबकि खुलेआम अवज्ञा करने वालों को इनाम मिलता है? पंजाब देख रहा है। देश देख रहा है। देखते हैं कि कांग्रेस अपने फैसलों पर कायम रहती है या नहीं।"
कुछ पार्टी नेताओं ने इस अहम चुनाव से पहले पार्टी कार्यकर्ताओं में जोश भरने के लिए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए चन्नी का समर्थन किया है।
जालंधर के दलित सांसद चन्नी को प्रचार अभियान समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह पद भी पार्टी के चुनावी अभियान की रणनीति और योजना बनाने के लिहाज से अहम है।
खबरों के मुताबिक, चन्नी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष का पद न मिलने से नाराज़ हैं। कहा जा रहा है कि नई घोषणाओं के बाद पार्टी नेतृत्व का शुक्रिया अदा करने की आम परंपरा का भी उन्होंने पालन नहीं किया।
पंजाब में 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले, कांग्रेस ने तत्कालीन मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह की जगह चन्नी को मुख्यमंत्री बनाया था। हालांकि, कांग्रेस आम आदमी पार्टी के हाथों हार गयी और सत्ता गंवा बैठी।
भाषा
राजकुमार दिलीप
दिलीप
0407 1915 चंडीगढ़