शुभेन्दु अधिकारी ने आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन किया, पुलिस अधिकारियों की छवि खराब की: टीएमसी
नेत्रपाल नरेश
- 24 Mar 2024, 08:54 PM
- Updated: 08:54 PM
कोलकाता, 24 मार्च (भाषा) तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने निर्वाचन आयोग से शिकायत की है कि भाजपा नेता शुभेन्दु अधिकारी झूठी खबरें फैलाकर और पश्चिम बंगाल के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की छवि खराब करके आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन कर रहे हैं।
पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता अधिकारी ने शनिवार को निर्वाचन आयोग को पत्र लिखकर दावा किया कि पश्चिम बंगाल में कई गैर-आईपीएस अधिकारी केवल आईपीएस अधिकारियों के लिए नामित पदों पर हैं, जिनमें पुलिस अधीक्षक भी शामिल हैं।
उन्होंने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में निर्वाचन आयोग से उनके द्वारा साझा की गई 16 पुलिस अधिकारियों की सूची पर गौर करने का आग्रह किया, जिसमें दावा किया गया है कि वे गैर-आईपीएस अधिकारी हैं, लेकिन आईपीएस अधिकारियों के लिए नामित पदों पर काबिज हैं।
सत्तारूढ़ टीएमसी ने निर्वाचन आयोग को लिखे अपने पत्र में अधिकारी के आरोप को निराधार बताया और कहा कि प्रकाशित सूची में उल्लिखित अधिकारियों के नाम ऐसे उच्च अधिकारियों के हैं जो भारतीय पुलिस सेवा (कैडर नियम) 1954 के तहत आईपीएस कैडर का हिस्सा हैं।
अधिकारी ने 21 मार्च, 2024 को निर्वाचन आयोग के एक प्रेस नोट का हवाला दिया, जिसमें राज्य सरकारों को गैर-संवर्गित अधिकारियों को पुलिस अधीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के रूप में उनकी वर्तमान भूमिकाओं से तुरंत स्थानांतरित करने और इस संबंध में अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया था।
वहीं, टीएमसी ने अपने पत्र में कहा, "उक्त पोस्ट केवल पश्चिम बंगाल के विभिन्न जिलों में तैनात उच्च पदस्थ अधिकारियों की छवि खराब करने के लिए साझा की गयी है।"
पार्टी ने दावा किया कि अधिकारी के पोस्ट ने आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है क्योंकि किसी भी राजनीतिक दल या उम्मीदवार को किसी भी ऐसी गतिविधि में शामिल नहीं होना चाहिए या ऐसा कोई बयान नहीं देना चाहिए जो "झूठा, अप्रमाणित, निराधार, गलत और असत्यापित आरोप" हो।
टीएमसी ने निर्वाचन आयोग से अधिकारी और अन्य भाजपा नेताओं को सोशल मीडिया पर "मनगढ़ंत और असत्यापित बयान" देने से रोकने का भी अनुरोध किया।
पश्चिम बंगाल पुलिस ने भी अधिकारी के दावों का खंडन करते हुए इन्हें "झूठा और भ्रामक" बताया तथा दावा किया कि गृह मंत्रालय के नियमों के अनुपालन में सभी प्रक्रियात्मक मानदंडों का पालन किया गया।
भाषा
नेत्रपाल