रेणुकास्वामी का परिवार न्याय की ‘‘उम्मीद’’ कर सकता है : गृह मंत्री परमेश्वर
धीरज अविनाश
- 03 Sep 2024, 08:07 PM
- Updated: 08:07 PM
बेंगलुरु, तीन सितंबर (भाषा) कर्नाटक के गृह मंत्री जी. परमेश्वर ने मंगलवार को कहा कि चर्चित रेणुकास्वामी हत्या मामले में जांच लगभग पूरी हो चुकी है और पुलिस अदालत में आरोपपत्र दाखिल करने के लिए तैयार है।
उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार ‘न्याय’ की उम्मीद कर सकता है। इस मामले में कन्नड़ फिल्मों के अभिनेता दर्शन थुगुदीपा आरोपी हैं।
परमेश्वर ने कहा कि पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए पुलिस और सरकार अदालत में लड़ाई लड़ेगी। उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘प्रक्रियागत रूप से पुलिस को जो करना है, वह करेगी। 90 दिनों के भीतर आरोपपत्र दाखिल करना अनिवार्य है, वे ऐसा करेंगे और अदालत में पेश करेंगे।’’
संवाददाताओं ने जब पूछा कि क्या दर्शन को मामले में आरोपी संख्या 1 (ए1) बनाया जाएगा, तो मंत्री ने कहा, ‘‘ए1 या ए2, यह पुलिस पर छोड़ दिया गया है। वे सबूतों के आधार पर ऐसा करेंगे।’’
यह पूछे जाने पर कि रेणुकास्वामी का परिवार सरकार और पुलिस से क्या उम्मीद कर सकता है? मंत्री ने कहा, ‘‘वे न्याय की उम्मीद कर सकते हैं, हम उन्हें न्याय दिलाएंगे। हम न्याय के लिए अदालत में लड़ेंगे।’’
फिलहाल, इस मामले में दर्शन आरोपी ए2 हैं, जबकि उनके मित्र पवित्रा गौड़ा ए1 हैं।
बेंगलुरु के पुलिस आयुक्त बी दयानंद ने कहा कि रेणुकास्वामी हत्याकांड की जांच पूरी हो गई है और अंतिम चरण में विशेष लोक अभियोजक (एपीपी) की जांच भी पूरी हो गई है।
दयानंद ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘उन्होंने (एसपीपी ने) कुछ टिप्पणियां की हैं और हम उसका अनुपालन कर रहे हैं। इसके तुरंत बाद, कुछ दिनों के भीतर हम अदालत को अंतिम रिपोर्ट सौंप देंगे।’’
पुलिस आयुक्त ने कहा कि पुलिस को मामले के संबंध में पर्याप्त साक्ष्य मिले हैं और इनका विवरण अदालत को सौंपा जाएगा।
उन्होंने कहा, ‘‘हमें बेंगलुरु एफएसएल (फोरेंसिक साइंस लैब) से सभी रिपोर्ट मिल गई हैं और प्रश्नों के पूरक उत्तर भी आ गए हैं। हैदराबाद स्थित केंद्रीय फोरेंसिक साइंस लैबोरेटरी से कुछ रिपोर्ट आ गई हैं, कुछ की प्रतीक्षा है, हम उन पर जांच लंबित रखते हुए आगे बढ़ रहे हैं।’’
दर्शन, उनके मित्र पवित्रा गौड़ा और 15 अन्य को रेणुकास्वामी हत्या मामले में आरोपी बनाया गया है और वे सभी राज्य की विभिन्न जेलों में बंद हैं।
पिछले दिनों बेंगलुरु जेल के लॉन में एक अपराधी सहित तीन अन्य लोगों के साथ दर्शन की तस्वीर सोशल मीडिया में प्रसारित हुई थी जिसके बाद विवाद शुरू हो गया था। इस घटना के बाद दर्शन को बेल्लारी जेल में स्थानांतरित कर दिया गया।
भाषा धीरज