विदेश सचिव मिसरी ने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने पर नेपाल के शीर्ष नेतृत्व के साथ चर्चा की
शफीक प्रशांत
- 17 Aug 2025, 09:17 PM
- Updated: 09:17 PM
(शीरीष बी प्रधान)
काठमांडू, 17 अगस्त (भाषा) विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने रविवार को नेपाल के प्रधानमंत्री के.पी. शर्मा ओली और राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल से मुलाकात की तथा विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने के तौर-तरीकों पर चर्चा की।
मिसरी नेपाल के विदेश सचिव अमृत बहादुर राय के निमंत्रण पर सुबह काठमांडू पहुंचे।
प्रधानमंत्री कार्यालय में ओली के साथ मिसरी की बैठक के दौरान द्विपक्षीय संबंधों को और प्रगाढ़ बनाने के लिए आपसी हितों के मामलों पर चर्चा की गई।
भारतीय दूतावास ने यहां ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘मिसरी ने गहरे सभ्यतागत संबंधों और मजबूत भारत-नेपाल साझेदारी की पुष्टि की तथा विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करने के तौर-तरीकों पर चर्चा की।’’
नेपाल में भारतीय राजदूत नवीन श्रीवास्तव भी बैठक के दौरान उपस्थित रहे।
दूतावास ने एक अलग पोस्ट में कहा कि विदेश सचिव ने राष्ट्रपति पौडेल से अलग से मुलाकात की और ‘‘भारतीय नेतृत्व की ओर से शुभकामनाएं दीं, साथ ही माननीय राष्ट्रपति को द्विपक्षीय संबंधों में प्रगति के बारे में जानकारी दी।’’
राष्ट्रपति पौडेल ने बैठक के दौरान कहा, ‘‘नेपाल, एक निकट पड़ोसी होने के नाते, भारत द्वारा सामाजिक-आर्थिक और तकनीकी मोर्चों पर की गई प्रगति से लाभान्वित हुआ है और आगे भी लाभ प्राप्त करना चाहता है।’’
राष्ट्रपति कार्यालय के अनुसार, पौडेल ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ‘‘पड़ोसी पहले’’ नीति की भी सराहना की और कहा कि नेपाल भी भारत के साथ अपने संबंधों को अत्यधिक महत्व देता है।
विदेश मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, मिसरी यहां मुख्य रूप से प्रधानमंत्री मोदी की ओर से प्रधानमंत्री ओली को उनकी 16 और 17 सितंबर को प्रस्तावित भारत यात्रा के लिए निमंत्रण पत्र सौंपने आए हैं।
मिसरी की विदेश मंत्री आरजू राणा देउबा के साथ हुई बैठक के दौरान ‘‘चर्चा मुख्य रूप से आपसी हित, द्विपक्षीय सहयोग और साझा चिंता के मामलों पर केंद्रित रही।’’
मिसरी ने नेपाली कांग्रेस के अध्यक्ष शेर बहादुर देउबा और नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी-यूएमएल के प्रमुख पुष्प कमल दाहाल ‘प्रचंड’ से भी मुलाकात की।
मिसरी अपनी यात्रा समाप्त करने के बाद सोमवार को स्वदेश लौटेंगे।
भाषा शफीक