आप ने ‘सेक्स स्कैंडल’ के बाद जद(एस) के साथ गठबंधन बरकरार रखने को लेकर भाजपा पर सवाल उठाये
खारी माधव
- 29 Apr 2024, 10:05 PM
- Updated: 10:05 PM
नयी दिल्ली, 29 अप्रैल (भाषा) आप ने जनता दल (सेक्युलर) के हासन सांसद प्रज्वल रेवन्ना की संलिप्तता वाले कथित ‘सेक्स स्कैंडल’ को सोमवार को ‘‘निठारी कांड से भी बदतर’’ करार दिया और घटना के सामने आने के बाद दक्षिणी पार्टी के साथ गठबंधन बरकरार रखने को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर सवाल खड़े किये।
दिल्ली महिला आयोग की पूर्व प्रमुख एवं ‘आम आदमी पार्टी’ की राज्यसभा सदस्य स्वाति मालीवाल ने निर्वाचन आयोग से अपील की कि प्रज्वल रेवन्ना को अयोग्य घोषित किया जाए तथा निर्वाचन क्षेत्र में दोबारा मतदान कराने की मांग की।
उन्होंने एक बयान में कहा, ‘‘ मैं हैरान हूं कि एक आदमी इतना क्रूर कैसे हो सकता है! चुनाव खत्म होते ही वह जर्मनी भाग गया! इस आदमी ने किसके कहने पर देश छोड़ा? मैं भारत सरकार से अपील करती हूं कि यह दुनिया में जहां भी छिपा हो, इसे घसीट कर देश में लाया जाए और इसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ मैं भारत निर्वाचन आयोग से भी अपील करती हूं कि यह मामला इतना घिनौना है, यह इतना बड़ा ‘सेक्स स्कैंडल’ है कि उसे चुनाव से अयोग्य घोषित किया जाना चाहिए और उस सीट पर दोबारा मतदान कराया जाना चाहिए।’’
‘आप’ के राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने सवाल उठाया कि प्रज्वल रेवन्ना देश से कैसे भाग गया?
उन्होंने कहा, ‘‘ यह निठारी कांड से भी घिनौना है। इस मामले में एक पूर्व प्रधानमंत्री का पोता शामिल है। यह महिलाओं के उत्पीड़न और शोषण का मामला है और मुझे आश्चर्य है कि प्रधानमंत्री चुप हैं।’’
सिंह ने कहा, ‘‘ इस मामले में क्या कार्रवाई की जानी चाहिए? वह देश से कैसे भाग गया? प्रधानमंत्री को इस पर कुछ कहना चाहिए। जद(एस) अभी भी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) का हिस्सा कैसे है? आप ‘बेटी बचाओ’ और महिला सुरक्षा की बात करते हैं। महिलाओं के साथ अमानवीय व्यवहार किया गया है। यह देश के सबसे बड़े दुष्कर्म कांडों में से एक है।’’
कर्नाटक सरकार ने सांसद की संलिप्तता वाले कथित ‘सेक्स स्कैंडल’ की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है।
जद(एस) नेता कुमारस्वामी ने कहा कि ऐसी घटनाएं समाज के लिए शर्मिंदगी का कारण बनती हैं और किसी का बचाव करने का कोई सवाल ही नहीं है।
उन्होंने कहा, ‘‘ गलत तो गलत है, भले ही यह अपराध किसी ने भी किया हो।’’
भाषा खारी