अमित शाह के ‘फर्जी वीडियो’ मामले में असम कांग्रेस का पदाधिकारी गिरफ्तार : शर्मा
धीरज माधव
- 29 Apr 2024, 08:51 PM
- Updated: 08:51 PM
गुवाहाटी, 29 अप्रैल (भाषा) असम के मुख्यमंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता हिमंत विश्व शर्मा ने सोमवार को कहा कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह का ‘फर्जी वीडियो’ कथित तौर पर साझा करने के आरोप में एक व्यक्ति को आज गिरफ्तार किया गया।
शर्मा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट कर बताया कि गिरफ्तार व्यक्ति 31 वर्षीय रीतम सिंह असम कांग्रेस से जुड़े हैं और पार्टी के ‘वार रूम’ संयोजक के तौर पर काम करते हैं।
विपक्षी दल ने भाजपा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि सिंह को चुनाव के बीच में केवल इसलिए गिरफ्तार किया गया क्योंकि उन्होंने सरकार की नीतियों की आलोचना की थी।
शर्मा लिखा, ‘‘असम पुलिस ने माननीय गृहमंत्री अमित शाह के फर्जी वीडियो मामले में श्री रीतम सिंह नाम के व्यक्ति को गिरफ्तार किया है।’’
गुवाहाटी के रहने वाले सिंह की गिरफ्तारी उस दिन की गई जब शाह गुवाहाटी लोकसभा सीट के लिए भाजपा उम्मीदवार बिजुली कलिता मेधी के प्रचार के लिए राज्य की राजधानी में हैं।
बाद में, असम पुलिस के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी प्रणव ज्योति गोस्वामी ने एक बयान में कहा कि शाह के बारे में एक्स पर ‘‘विकृत और प्रेरित’’ पोस्ट के संबंध में एक शिकायत के आधार पर पानबाजार पुलिस थाना क्षेत्र में एक मामला दर्ज किया गया है।
गोस्वामी ने बताया कि भारतीय दंड संहिता की धारा 153ए (विभिन्न समूहों के बीच द्वेष को बढ़ावा देना), 171 जी (चुनाव के संबंध में झूठा बयान),505(1)(बी) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
उन्होंने बताया कि सिंह के खिलाफ सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66एफ (साइबर आतंकवाद) भी लगाई गई है।
गोस्वामी के मुतबिक सिंह से दो मोबाइल फोन और एक लैपटॉप भी जब्त किया गया है। उन्होंने कहा कि ‘‘मामले की आगे की जांच की जा रही है।’’
असम की कांग्रेस इकाई ने सिंह की गिरफ्तारी की निंदा की है। प्रदेश कांग्रेस के मीडिया विभाग के अध्यक्ष वेदव्रत बोरा ने एक बयान में कहा, ‘‘रीतम सिंह को गिरफ्तार करना लोकतंत्र के खिलाफ है। सिंह हमारे ‘वॉर रूम’ का हिस्सा हैं और उन्हें चुनाव के बीच में केवल इसलिए गिरफ्तार किया गया क्योंकि उन्होंने सरकार के कार्यों की आलोचना की थी।’’
उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को सरकार की नीतियों की आलोचना करने का अधिकार है और असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (एपीसीसी) के अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा ने चुनाव प्रचार के दौरान युवा वकील की गिरफ्तारी की निंदा की।
बयान के मुताबिक पार्टी ने सिंह की तत्काल रिहाई की मांग की।
इससे पहले एपीसीसी प्रवक्ता ने कहा था कि पार्टी को किसी फर्जी वीडियो की जानकारी नहीं है और ‘‘यह निश्चित तौर पर उन्होंने निजी हैसियत से उसे साझा किया होगा।’’
भाषा धीरज