ईडी ने सलीम डोला मादक पदार्थ मामले में महाराष्ट्र, गुजरात में छापेमारी की
मनीषा
- 02 Jun 2026, 03:28 PM
- Updated: 03:28 PM
मुंबई, दो जून (भाषा) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को महाराष्ट्र और गुजरात में कई स्थानों पर छापेमारी की।
अधिकारियों ने यह जानकारी देते हुए बताया कि यह छापेमारी हाल में तुर्किये से भारत वापस लाए गए मादक पदार्थ तस्कर मोहम्मद सलीम डोला के खिलाफ धन शोधन मामले की जांच के तहत की गई।
अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय एजेंसी द्वारा धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत मामला दर्ज किए जाने के बाद मुंबई और गुजरात के सूरत और अंकलेश्वर (भरूच जिला) सहित लगभग 20 स्थानों पर छापेमारी की गई।
डोला उर्फ सलीम इस्माइल डोला को वैश्विक स्तर पर वांछित आतंकवादी दाऊद इब्राहिम का करीबी सहयोगी बताया जाता है और मादक पदार्थ निरोधक एजेंसियों ने उस पर एक अंतरराष्ट्रीय मादक पदार्थ तस्करी गिरोह संचालित करने के आरोप में मामला दर्ज किया है।
डोला (59) को अप्रैल में तुर्किये से वापस भारत लाया गया था और दिल्ली हवाई अड्डे पर उतरते ही स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) ने उसे गिरफ्तार कर लिया था।
ईडी अधिकारियों ने बताया कि छापेमारी की यह कार्रवाई उन परिसरों में की जा रही है जो रासायनिक पदार्थों के आपूर्तिकर्ताओं, रासायन के व्यापार में लगे बिचौलियों, कृत्रिम मादक पदार्थ मेफेड्रोन (एमडी) के निर्माण और वितरण में शामिल तस्करों, हवाला संचालकों और संगठित मादक पदार्थ गिरोह से प्राप्त धन से अर्जित बेनामी संपत्ति के मालिकों से संबद्ध हैं।
उन्होंने बताया कि धन शोधन का यह मामला डोला और अन्य लोगों के खिलाफ मुंबई में मादक पदार्थ एवं नशीले पदार्थ की अवैध तस्करी से संबंधित अपराधों के लिए दर्ज कई प्राथमिकी से जुड़ा है।
एनसीबी ने कहा था कि डोला ने पिछले 20 वर्षों में पश्चिम एशिया, अफ्रीका और यूरोप में कथित तौर पर मादक पदार्थ का एक नेटवर्क बनाया था और एनसीबी, महाराष्ट्र पुलिस, गुजरात आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) और राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) सहित कई भारतीय एजेंसियों को उसकी तलाश थी।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 28 अप्रैल को अपने 'एक्स' हैंडल पर डोला को भारत में लाए जाने और उसकी गिरफ्तारी की घोषणा की थी। उन्होंने मोदी सरकार के इस ''दृढ़ संकल्प'' को दोहराया कि भारतीय एजेंसियों द्वारा शुरू किए गए 'ऑपरेशन ग्लोबल हंट' के तहत दुनिया भर में लगातार तलाशी अभियान चलाकर मादक पदार्थ से जुड़े सभी भगोड़ों और संगठित अपराध गिरोहों के सदस्यों को न्याय के कटघरे में लाया जाएगा।
गृह मंत्रालय ने तब कहा था कि अपने दो दशक लंबे आपराधिक इतिहास में डोला महाराष्ट्र और गुजरात में हेरोइन, चरस, मेफेड्रोन, मैंड्रैक्स और मेथम्फेटामाइन की कई बड़ी खेप की बरामदगी से जुड़े मामलों में ''सीधे तौर पर'' शामिल है।
जांच से जुड़े अधिकारियों ने 'पीटीआई-भाषा' को बताया था कि अंतरराष्ट्रीय मादक पदार्थ नेटवर्क के गुर्गों में डोला 'मेफेड्रोन किंग' के नाम से मशहूर था क्योंकि इस श्रेणी के मादक पदार्थ की तस्करी में उसे कथित तौर पर महारत हासिल थी।
उन्होंने दावा किया कि तुर्किये में डोला 'हमजा' और 'अब्दुल' जैसे उपनाम से जाना जाता था और वह नागरिकता प्राप्त करने के लिए उस देश में कुछ अचल संपत्ति खरीदने की योजना बना रहा था।
मेफेड्रोन को 4-मिथाइलमेथकैथिनोन, 4-एमएमसी और 4-मिथाइलएफेड्रोन के नाम से भी जाना जाता है। यह एक प्रकार का कृत्रिम मादक पदार्थ है और इसे आम बोलचाल में ड्रोन, एम-कैट, व्हाइट मैजिक, 'म्याऊ म्याऊ' और बबल जैसे नामों से भी जाना जाता है।
डोला के बेटे ताहिल सलीम डोला और अन्य सहयोगियों को 2025 में संयुक्त अरब अमीरात से प्रत्यर्पित किया गया था जिसके बाद मुंबई पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था।
भाषा सुरभि मनीषा
मनीषा
0206 1528 मुंबई