बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने लगाया जनता दरबार
माधव
- 18 May 2026, 06:43 PM
- Updated: 06:43 PM
कोलकाता, 18 मई (भाषा) पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने सोमवार को अपना पहला जनता दरबार लगाया, जिसमें उन्होंने जन शिकायतें और लोगों की मांगों को सुना।
इसका आयोजन यहां साल्ट लेक में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश कार्यालय में किया गया था।
इस जनसंपर्क पहल का उद्देश्य लोगों की सीधी पहुंच पर केंद्रित शासन का संकेत देना है। यह एक ऐसा प्रारूप है जो आमतौर पर भाजपा शासित राज्यों से जुड़ा हुआ है और जिसे पार्टी बंगाल में अपने ''डबल इंजन'' के विमर्श के हिस्से रूप में पेश करना चाहती है।
कार्यक्रम की घोषणा भाजपा द्वारा सुबह लगभग नौ बजे अचानक की गई और मुख्यमंत्री 45 मिनट के भीतर पार्टी कार्यालय पहुंच गए। जनता दरबार की अवधि लगभग एक घंटे की थी।
छात्रों और स्थानीय लोगों सहित कई लोगों ने इसमें भाग लिया और मुख्यमंत्री से एक-एक कर बंद कमरे में बातचीत की, जिसमें स्थानीय मुद्दों से लेकर सिंडिकेट से संबंधित दबाव के आरोपों तक की शिकायतें की गईं।
राज्य सचिवालय, नबान्न के सूत्रों ने पहले संकेत दिया था कि मुख्यमंत्री सप्ताह में एक या दो बार दो घंटे के लिए जनता दरबार लगाने की योजना बना रहे हैं, हालांकि सोमवार सुबह तक कोई आधिकारिक कार्यक्रम या स्थान की घोषणा नहीं की गई थी।
इस जन संवाद में भाजपा नेता लॉकेट चटर्जी और शशि अग्निहोत्री भी उपस्थित थीं।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नियमित रूप से जनता दरबार लगाते हैं, जहां राज्य के लोग सीधे प्रशासन के समक्ष अपनी शिकायतें रखते हैं। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी अपने कार्यकाल के दौरान इस तरह के जन सुनवाई सत्र आयोजित किए थे।
राजनीतिक विश्लेषकों ने सोमवार के इस आयोजन को नयी सरकार द्वारा जनता से प्रत्यक्ष संबंध स्थापित करने और नौकरशाही की बाधाओं के बिना शिकायतें सुनने को तत्पर सरकार की छवि मजबूत करने के प्रयास के रूप में देखा है।
जनता दरबार के आयोजन स्थल के बाहर, उपस्थित कुछ लोगों ने दावा किया कि मुख्यमंत्री द्वारा उनकी शिकायतें सुने जाने से उन्हें राहत मिली है।
हालांकि, भाजपा ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि कार्यक्रम के आगामी संस्करण कहां आयोजित किए जाएंगे, लेकिन पार्टी नेताओं ने संकेत दिया कि यह पहल नयी सरकार की जनसंपर्क रणनीति का एक नियमित हिस्सा बन सकती है।
इस बीच, प्रदेश भाजपा ने सरकार के पहले सप्ताह की उपलब्धियों को रेखांकित किया।
पार्टी ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा कि 9 मई से 16 मई के बीच कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए और मौजूदा सरकार के कामकाज की तुलना पूर्ववर्ती सरकार से की।
पार्टी ने कहा, ''टीएमसी (तृणमूल कांग्रेस) के नेतृत्व में पश्चिम बंगाल 15 वर्षों में जो हासिल नहीं कर सका, वह डबल इंजन सरकार ने अपने पहले ही सप्ताह में प्रदर्शित करना शुरू कर दिया है। यह नया पश्चिम बंगाल है।''
भाषा
सुभाष माधव
माधव
1805 1843 कोलकाता