जम्मू कश्मीर में उपासना स्थल पर तोड़फोड़ : तीन लोगों को हिरासत में लिया गया
सुभाष
- 01 Jul 2024, 03:20 PM
- Updated: 03:20 PM
रियासी/जम्मू, एक जुलाई (भाषा) जम्मू कश्मीर के रियासी जिले में एक उपासना स्थल पर कथित तोड़फोड़ के सिलसिले में पुलिस ने तीन और लोगों को हिरासत में लिया है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि घटना के विरोध में स्थानीय लोगों ने बंद का आह्वान किया, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ।
शनिवार शाम धरमाड़ी क्षेत्र के एक गांव में एक व्यक्ति ने देखा कि उपासना स्थल में तोड़फोड़ की गयी है, जिसके बाद तनाव और विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया।
पुलिस ने कानून की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की और अपराधियों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए एक पुलिस उपाधीक्षक की अध्यक्षता में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया।
रविवार तक 12 लोगों को हिरासत में लिया गया था, जबकि रविवार और सोमवार की दरमियानी रात तीन और संदिग्धों को हिरासत में लिया गया।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि मामले में पूछताछ के लिए हिरासत में लिए गए लोगों की कुल संख्या 15 है।
उन्होंने कहा कि एसआईटी मामले को सुलझाने के लिए विभिन्न सुरागों पर काम कर रही है और लोगों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने का अनुरोध कर रही है।
एक स्थानीय समूह द्वारा बंद के आह्वान पर सोमवार को रियासी शहर और आसपास के इलाकों में बंद रखा गया तथा युवाओं के समूहों ने विभिन्न सड़कों पर टायर जलाकर प्रदर्शन किए।
बड़ी संख्या में आक्रोशित लोग कस्बे के जनाना पार्क में एकत्र हुए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए निकटवर्ती थापा चौक तक मार्च निकाला।
अधिकारियों ने बताया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती उपाय के तौर पर संवेदनशील इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है।
रियासी के उपायुक्त वीपी महाजन ने प्रदर्शन स्थल का दौरा किया और प्रदर्शनकारियों को शांत करने का प्रयास किया तथा आश्वासन दिया कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा, ‘‘शांतिपूर्ण माहौल को बिगाड़ने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। यह सांप्रदायिक सद्भाव के अलावा विकास कार्यों में बाधा उत्पन्न करने और तोड़फोड़ करने की साजिश है।”
उपायुक्त ने कहा, “यह मेरी गारंटी है.... हम जिले में शांति में खलल डालने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं करेंगे।”
रियासी की वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मोहिता शर्मा ने लोगों से शांति और सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखने की अपनी अपील दोहराई तथा आश्वासन दिया कि पुलिस मामले को सुलझाने और अपराधियों का जल्द से जल्द पता लगाने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने संवाददाताओं से कहा, “इस मामले में संलिप्त पाए जाने वालों पर सार्वजनिक सुरक्षा अधिनियम (पीएसए) के तहत मामला दर्ज किया जाएगा, जबकि जिला प्रशासन ने ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए सभी मंदिरों की सूची तैयार करने का निर्णय लिया है।”
भाषा प्रशांत