उत्तराखंड : पांचों लोकसभा सीटों पर एक बजे तक 37 प्रतिशत से ज्यादा मतदान
दीप्ति दीप्ति मनीषा
- 19 Apr 2024, 02:21 PM
- Updated: 02:21 PM
(तस्वीर सहित)
देहरादून, 19 अप्रैल (भाषा) उत्तराखंड की पांचों लोकसभा सीटों पर शुक्रवार को दोपहर एक बजे तक 37.33 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने मताधिकार का उपयोग किया ।
प्रदेश के मुख्य निर्वाचन कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, प्रदेश के सभी मतदान केंद्रों पर सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ और दोपहर एक बजे तक 37.33 प्रतिशत मतदाता अपना वोट डाल चुके हैं । मतदान शाम पांच बजे तक जारी रहेगा ।
मतदान के लिए प्रदेश के 13 जिलों में 11,729 मतदान केंद्र बनाए गए हैं ।
सर्वाधिक मतदान नैनीताल—उधमसिंह नगर संसदीय सीट पर दर्ज हुआ जहां एक बजे तक 40.46 फीसदी मतदाताओं ने अपने वोट डाले । हरिद्वार सीट पर 39.41 फीसदी, पौड़ी गढ़वाल में 36.60 फीसदी, टिहरी में 35.29 फीसदी जबकि अल्मोड़ा में 32.60 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने वोट डाले ।
राज्य की पांच लोकसभा सीटों से सांसद बनने के इच्छुक 55 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला 83 लाख से ज्यादा मतदाताओं के हाथ में है ।
प्रदेश के अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी वी के जोगदंडे ने बताया कि कुछ मतदेय स्थलों पर ईवीएम में खराबी की सूचना मिली थी जिन्हें ‘मॉक पोल’ के दौरान ही बदल दिया गया ।
उन्होंने बताया कि सभी जगह सुचारू ढ़ंग से मतदान चल रहा है और कहीं से किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है ।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और योग गुरू रामदेव प्रदेश में सबसे पहले मतदान करने वालों में शामिल हैं । धामी ने उधमसिंह नगर जिले के खटीमा में नागर तराई मतदान केंद्र में अपना मत डाला । अपनी मां और पत्नी गीता के साथ मतदान के लिए पहुंचे धामी केंद्र में कतार में खड़े रहे और अपनी बारी की प्रतीक्षा की ।
मतदान कर बाहर निकले धामी ने सभी मतदाताओं से वोट जरूर डालने की अपील की ।
उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि लोगों में काफी उत्साह है।
धामी ने कहा, ‘‘पिछले 10 वर्षों में, उत्तराखंड ने अभूतपूर्व विकास देखा है। सभी वर्गों के लोगों को इससे लाभ हुआ है। वे नरेन्द्र मोदी को तीसरा कार्यकाल देने के लिए मतदान जरूर करेंगे।’’
उन्होंने भाजपा के संकल्प पत्र के बारे में भी बात की, जिसमें उत्तराखंड विधानसभा द्वारा पारित समान नागरिक संहिता (यूसीसी) की तरह ही देश में समान नागरिक संहिता की आवश्यकता रेखांकित की गई है।
धामी ने कहा, ''उत्तराखंड से निकली यूसीसी की गंगा पूरे देश में बहेगी।''
रामदेव ने अपने सखा और पतंजलि के महामंत्री आचार्य बालकृष्ण के साथ हरिद्वार के कनखल क्षेत्र में दादूबाग मतदान केंद्र पर अपना वोट डाला ।
मतदान के बाद उन्होंने कहा कि भारत को आर्थिक, शैक्षिक और सांस्कृतिक गुलामी से मुक्ति दिलाने के लिए उन्होंने वोट दिया है। उन्होंने लोगों से भी वोट देने और देश में सनातन शक्तियों को मजबूत करने वाली सरकार चुनने की अपील की ।
वर्ष 2014 और 2019 में राज्य की पांचों लोकसभा सीट पर जीत का परचम फहराने वाली सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को इस बार भी पुराना प्रदर्शन दोहराने की उम्मीद है जबकि कांग्रेस अपनी खोई राजनीतिक जमीन को फिर से पाने का प्रयास कर रही है ।
भाजपा ने नैनीताल से अजय भट्ट, अल्मोड़ा से अजय टम्टा और टिहरी से मालराज्य लक्ष्मी शाह पर दोबारा भरोसा जताया है जबकि हरिद्वार से उसने रमेश पोखरियाल निशंक की जगह पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत और पौड़ी गढ़वाल से तीरथ सिंह रावत की जगह पार्टी प्रवक्ता अनिल बलूनी पर दांव खेला है।
कांग्रेस ने पौड़ी गढ़वाल से पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, हरिद्वार से पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के पुत्र वीरेंद्र रावत, टिहरी से जोत सिंह गुनसोला, नैनीताल से प्रकाश जोशी और अल्मोड़ा से प्रदीप टम्टा को अपना प्रत्याशी बनाया है। टम्टा को छोड़कर अन्य सभी चारों प्रत्याशी पहली बार लोकसभा चुनाव लड़ रहे हैं।
चुनाव में अन्य दलों सहित निर्दलीय प्रत्याशी भी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं लेकिन हर बार की तरह इस बार भी सीधा मुकाबला कांग्रेस और भाजपा के बीच ही है।
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